PM मोदी के बाद CM योगी बनेंगे प्रधानमंत्री? योगी आदित्यनाथ ने साफ कर दी तस्वीर, जानिए अपनी दावेदारी पर क्या बोले?

CM Yogi Adityanath Next PM After PM Narendra Modi Retirement News
CM Yogi Next PM: इस समय सियासत में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की रिटायरमेंट और उनके बाद PM पद के लिए उनके उत्तराधिकारी को लेकर चर्चाओं का बाजार गर्म है। कई तरह की बातें हो रहीं हैं। इस बीच एक नाम उत्तर प्रदेश के सीएम योगी आदित्यनाथ का भी सामने आ रहा है। कहा जा रहा है कि, PM मोदी (PM Narendra Modi Retirement) के बाद CM योगी ही प्रधानमंत्री बनेंगे। लेकिन इस बारे में खुद सीएम योगी का क्या कहना है? आइए जान लेते हैं।
सीएम योगी ने हाल ही में एक समाचार एजेंसी को दिए इंटरव्यू में प्रधानमंत्री पद की दावेदारी को लेकर पूरी तस्वीर साफ कर दी है। जब उनसे कहा गया कि, ''RSS उनको पसंद करता है, साथ ही इस देश का एक बहुत बड़ा तबका भी उनको बहुत पसंद करता है और कभी न कभी उन्हें प्रधानमंत्री के रूप में देखना चाहता है। वह इस पर क्या कहना चाहेंगे? इसके जवाब में योगी ने कहा, ''मैं उत्तर प्रदेश का मुख्यमंत्री हूं। पार्टी ने मुझे उत्तर प्रदेश की जनता के काम के लिए लगाया है।
वहीं इसके आगे सीएम योगी ने कहा, ''राजनीतिक मेरे लिए कोई फुल टाइम जॉब नहीं है। वह हमेशा के लिए राजनीति में नहीं हैं। वो बात अलग है कि मैं इस समय बतौर यूपी सीएम काम कर रहा हूं। लेकिन वास्तव में मैं एक योगी ही हूं। मैं जिस समय तक हूं, तब तक हूं और काम कर रहा हूं। इसकी भी एक समय सीमा है। देश के अगले प्रधानमंत्री के तौर पर खुद को पेश करने पर सीएम योगी ने कहा कि, उनकी कोई महत्वकांक्षा नहीं है और न ही वह किसी भी रूप में प्रधानमंत्री पद की दावेदारी कर रहे हैं या दावेदार हैं।''
केंद्रीय नेतृत्व की वजह से ही CM हूं
वहीं केंद्रीय नेतृत्व से मतभेद के सवाल पर सीएम योगी ने कहा कि, ''केंद्रीय नेतृत्व के साथ मेरा कोई मतभेद नहीं है। अगर मतभेद होता तो आज मैं उत्तर प्रदेश का सीएम नहीं होता। मैं खुद को विशेष नहीं मानता हूं। सीएम योगी ने इस बात पर हैरानी जताई कि आखिर मतभेद की खबरें कहां से सामने आती हैं। केंद्रीय नेतृत्व से मतभेद को सरासर खारिज करते हुए खुद योगी ने खुद ही सवाल पूछा कि, क्या मैं केंद्रीय नेतृत्व से मतभेद कर उत्तर प्रदेश सीएम की कुर्सी पर बैठ सकता हूं।''
नाम नहीं काम से याद किया जाये
सीएम योगी आदित्यनाथ से जब यह सवाल किया गया कि, ''वह कैसे चाहते हैं कि उन्हें और उनकी विरासत को किस तरह से याद किया जाये? इस पर सीएम ने जवाब दिया कि, दूसरों को उन्हें याद करने की कोई जरूरत नहीं है। क्योंकि वह वर्तमान में जी रहे हैं। योगी ने कहा कि, अगर उन्हें याद रखना है तो उनके नाम से नहीं बल्कि काम से याद रखा जाना चाहिये। वहीं किसी की भी पहचान उसके काम से होनी चाहिए, नाम से नहीं।''
राजनीति में धर्म का होना गलत नहीं
सीएम योगी ने कहा कि, ''मैं देश के एक नागरिक के रूप में अपने आप को आगे रखता हूं और जनता की सेवा के लिए काम करता हूं। एक नागरिक के रूप में अपनी संवैधानिक ज़िम्मेदारी को पूरा करता हूं। मेरे लिए राष्ट्र सबसे पहले है. अगर मेरा देश सुरक्षित है तो मेरा धर्म भी सुरक्षित है और अगर धर्म सुरक्षित है तो यह कल्याण और प्रगति का मार्ग प्रशस्त करता है। राजनीति और धर्म का मिलन गलत नहीं हैं। हम लोगों ने ही धर्म को कुछ जगहों तक सीमित कर दिया है। सीएम योगी ने कहा कि, धर्म से राजनीति होनी चाहिए, न कि धर्म पर राजनीति।''
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